Thursday, May 28

जब ”लाडला” के सेट पर श्रीदेवी करने लगी थी दिव्या भारती की हरकतें, फिर पूरी टीम ने पढ़ा था गायत्री मंत्र

90 के दशक की दिव्या भारती एक ऐसी अदाकारा था जिनका दीवाना हर कोई था। छोटी सी उम्र में ही दिव्या भारती ने बॉलीवुड में वो नाम कमा लिया था जिसे पाना हर एक्ट्रेस का सपना होता है। दिव्या भारती ने उस समय के हर सुपरस्टार के साथ काम किया था। दिव्या भारती की तुलना हमेशा से सुपरस्टार रहीं श्रीदेवी से की जाती थी। दोनों का चेहरा काफी हद तक एक जैसा लगता था। श्रीदेवी के लुक की जब तुलना जब दिव्या भारती से की गयी थी तो श्रीदेवी ने भी दिव्या भारती की खूबसूरती की तारीफ की थी। श्रीदेवी जैसी सुपरस्टार से तुलना किए जाने से दिव्या भारती ने भी इसे अपने लिए कॉम्प्लिमेंट समझा था। दिव्या भारती और श्रीदेवी के बीच केवल कनेक्शन चेहरे की समानता भर ही सीमित नहीं था बल्कि दिव्या भारती और श्रीदेवी के बीच की चीजों पर गौर किया जाए तो काफी कनेक्शन हैं। पहला ये कि दोनों की मौत आज तक रहस्यमय बनीं है। दिव्या भारती का जन्म 25 फरवरी को हुआ था और श्रीदेवी की मौत 24 फरवरी की देर रात हुई थी। चलों इसे एक इत्तेफाक भी मान लेते हैं लेकिन अनिल कपूर की फिल्म लाडला के सेट पर जो कुछ हुआ वो चौंकाने वाला था। दरअसल दिव्या भारती की मौत एक हादसे में 5 अप्रैल 1993 को हो गयी थी। अब ये हादसा था या हत्या या फिर आत्महत्या इस मौत का रहस्य केवल रहस्य ही है पुलिस ने इसे दुर्घटना का नाम देकर केस बंद कर दिया था। दिव्या भारती की जब मौत हुई तो वह सुपरस्टार था उन्होंने कई फिल्में साइन कर रखी थी और वह कई बड़ी फिल्मों की शूटिंग कर रही थी। इन्हीं फिल्मों में से एक थी फिल्म ‘लाडला’ इस फिल्म में दिव्या भारती, अनिल कपूर और रवीना टंडन का लीड रोल था। फिल्म की शूटिंग आधी हो चुकी थी तभी पता चला की फिल्म की लीड हीरोइन दिव्या भारती की एक हादसे में मौत हो गयी। इसके बाद फिल्म में दिव्या भारती की जगह श्रीदेवी को लिया गया था। एक इंटरव्यू में रवीना टंडन ने लाडला के सेट की कुछ ऐसी बात बताई जिसपर विश्वास करना थोड़ा मुश्किल था। रवीना ने बताया कि फिल्म के सेट पर दिव्या भारती ने जितने सीन शूट किए थे उसे श्रीदेवी के साथ री-शूट किया जा रहा था। इस ऐसा डायलॉग था जिस पर दिव्या भारती हमेशा अटक जाती थी वह कई टेक लेती थी। अब जब श्रीदेवी ने वो सीन शूट किया तो वह भी उसी लाइन पर बार-बार अटकने लगीं। श्रीदेवी वो लाइने बोल ही नहीं पा रही थी। कई टेक के बाद भी श्रीदेवी डायलॉग नहीं बोल पा रही थी। इस चीज को देखकर पूरी टीम डर गयी थी। श्रीदेवी सारे डायलॉग को आराम से दोहरा रही थी लेकिन दिव्या भारती जहां अटक जाती था श्रीदेवी के भी वहीं अटकने से पूरी टीम में डर का महौल बन गया था। शक्ति कपूर के कहने पर सेट पर गायत्री मंत्र पढ़ा गया और नारियल फोड़ा फिर जाकर एक बार दोबारा फिल्म का शूट किया था। फिल्म दिव्या भारती की मौत के एक साल बाद 17 मार्च 1994 में रिलीज हुई थी।