Wednesday, January 29

राष्ट्रीय अधिवेशन सम्मेलन में कवियों ने दिखाए अपने हुनर

रायपुर| अग्रसेन धाम में आयोजित राष्ट्रीय कवि संगम का अष्टम राष्ट्रीय अधिवेशन कार्यक्रम के संरक्षक संस्थापक जगदीश मित्तल के सानिध्य एवं मार्गदर्शन में सम्पन्न कवियों का यह अधिवेशन अत्यन्त सफल रहा। कार्यक्रम में भारत के विभिन्न प्रान्तों से आए लगभग 400 से भी अधिक कवियों की भागीदारी के इस अधिवेशन में कविता द्वारा राष्ट्र जागरण पर जोर दिया गया। इस दौरान कवियों की समस्याएँ, कवि सम्मेलनों की चुनौतियाँ एवं ऐसे अनेक महत्वपूर्ण विषयों पर सार्थक परिसंवाद हुआ।
कार्यक्रम में छत्तीसगढ़ राष्ट्रीय कवि संगम के संयोजक योगेश अग्रवाल तथा महामंत्री सुरेंद्र जैन व सौरभ केडिया और महेश शर्मा के द्वारा की गई व्यवस्थाओं ने सारे देश से आए कवियों को बहुत प्रभावित किया| कवि सम्मेलन में की गई व्यवस्था पर आयोजक मंडल की तारीफ करते हुए समाजसेवी व उद्योगपति तथा फिल्म जगत की हस्ती योगेश अग्रवाल ने सभी अतिथियों का स्वागत किया| इस दौरान अग्रवाल ने कहा कि अगला राष्ट्रीय कवि संगम का राष्ट्रीय अधिवेशन एक बार फिर से रायपुर में ही आयोजित करेंगे| जिससे हम इसको और भी भव्य विस्तार देकर छत्तीसगढ़ की आन-बान और शान को आगे बढ़ाएंगे| कवि संगम के राष्ट्रीय अधिवेशन में कुछ महत्वपूर्ण प्रस्ताव भी पास किए गए जिसमें सी ए ए एनआरसी को भारत सरकार द्वारा लागू किए गए कानून के समर्थन में राष्ट्रीय कवि संगम द्वारा इसका समर्थन किया गया| इस दौरान कवियों से अनुरोध किया गया कि सभी राष्ट्रीय कवि संगम से जुड़े सदस्य कविगण व साहित्यकार इस संबंध में अपनी रचनाएं भी लिखें ताकि देश में जागरूकता बढ़े और भ्रम की स्थिति समाप्त हो| राष्ट्रीय कवि संगम के इस तीन दिवसीय आयोजन में देश भर से पधारे कवियों के अलग-अलग समूह में भी कवियों के कवि का काव्य पाठ हुआ|कार्यक्रम में हरिओम पवार सुदीप भोला और बाबा सत्यनारायण मौर्य मुख्य आकर्षण का केंद्र बने रहे| संयोजक मंडल की ओर से उर्मिला उम्मीदवार ने देश के राष्ट्रीय कवियों पर उनके चित्र के साथ उनकी कुछ कविताओं का उल्लेख भी किया जो अग्रसेन भवन के कार्यक्रम स्थल के बाहर बहुत ही संयोजित ढंग से रखा गया|
गणमान्य अतिथियों ने बताया कि इन चित्रों द्वारा हमारे पूर्वज राष्ट्रीय कवियों को सम्मान सारे देश में दिलाने का कार्य राष्ट्रीय कवि संगम कर रहा है| सम्मेलन में आगामी अधिवेशन के लिए भी कवियों से प्रस्ताव मांगे गए जिसमें मुख्य रूप से चित्रकूट व अयोध्या का प्रस्ताव अच्छा लगा| बहराहल राष्ट्रीय कवि संगम तय करेगा कि अगला अधिवेशन किस राज्य में होगा लेकिन ज्यादातर कवियों की राय थी कि सम्मेलन आध्यात्मिक नगरी में होना चाहिए|
इस दौरान हरिओम पंवार,प्रधान सम्पादक विपिन गुप्ता, विनीत चौहान, शशिकान्त यादव, अशोक बत्रा, कमलेश मौर्य मृदु,योगेन्द्र शर्मा,बाबा सत्यनारायण मौर्य,राजेश चेतन, बलजीत कौर तन्हा, अनिल अग्रवंशी, प्रियंका राय,सुमित ओरछा,रसिक गुप्ता, डॉ सुरेन्द्र दुबे,सुदीप भोला,बाबा सत्यनारायण मौर्य सहित अनेक गणमान्य लोग कार्यक्रम में मौजूद रहे।