वह मानसिक रूप से कमजेार : राम मंदिर में हिरासत में लिए गए कश्मीरी व्यक्ति के परिवार ने कहा
अयोध्या में राम मंदिर परिसर में कथित तौर पर नमाज अदा करने की कोशिश करने के बाद हिरासत में लिए गए 55 वर्षीय कश्मीरी व्यक्ति के परिजनों ने दावा किया है।
श्रीनगर, भाषा। अयोध्या में राम मंदिर परिसर में कथित तौर पर नमाज अदा करने की कोशिश करने के बाद हिरासत में लिए गए 55 वर्षीय कश्मीरी व्यक्ति के परिजनों ने दावा किया है कि वह "मानसिक रूप से कमजोर" है और घर पर नहीं रहता है।उत्तर प्रदेश के अधिकारियों ने बताया कि जम्मू कश्मीर के शोपिया जिले के गडापोरा इलाके का निवासी अब्दुल अहद शेख शनिवार सुबह राम मंदिर गया।
बाद में सीता रसोई के पास बैठकर कथित तौर पर नमाज अदा करने की तैयारी कर रहा था।शेख के बेटे इमरान ने शोपिया स्थित अपने घर में पत्रकारों से कहा कि परिवार को उसके पिता के राम मंदिर जाने की कोई जानकारी नहीं थी। इमरान ने कहा, "हमें इस बारे में कुछ भी पता नहीं था। उनकी मानसिक स्थिति बिल्कुल ठीक नहीं है।"
शेख के अयोध्या जाने के कारण के बारे में जब पूछा गया तो इमरान ने कहा, "वह पांच-छह दिन पहले अपने ससुराल गए थे। वह अक्सर घर से बाहर चले जाते हैं और घर पर नहीं रुकते।"इमरान ने कहा कि उसके पिता मानसिक रूप से कमजेार हैं और मस्जिदों में जाते रहते हैं।
आसपास के लोगों को इस घटना की जानकारी तब मिली जब पुलिस पूछताछ के लिए शेख के घर पहुंची। एक पड़ोसी ने बताया कि शेख मानसिक रूप से कमजोर है और दवाइयां ले रहा है।एक पड़ोसी ने कहा, "अगर वह मानसिक रूप से स्वस्थ होता तो मंदिर के अंदर नमाज अदा नहीं करता। उसे पता होता कि यह मंदिर है।
वह अक्सर इसी तरह घर से निकल जाता है। उसे यह समझ नहीं है कि उसे अपने परिवार की देखभाल करनी है।"अयोध्या में पुलिस ने कहा कि कुछ लोगों ने आरोप लगाया है कि जब शेख को नमाज अदा करने से रोका गया तो उसने नारे लगाए और इस दावे की पुष्टि की जा रही है।योध्या जिला प्रशासन और राम मंदिर ट्रस्ट ने अभी तक इस मामले पर टिप्पणी नहीं की है।

