एसआईआर के जरिये लोगों से नागरिकता छीनने की कोशिश कर रही है भाजपा : असदुद्दीन ओवैसी
ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (एआईएमआईएम) के अध्यक्ष असदुद्दीन ओवैसी ने आरोप लगाया है कि भाजपा के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार मतदाता सूचियों के एसआईआर के माध्यम से लोगों की नागरिकता अधिकारों को छीनने की कोशिश कर रही है।
हैदराबाद, भाषा। ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (एआईएमआईएम) के अध्यक्ष असदुद्दीन ओवैसी ने आरोप लगाया है कि भाजपा के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार मतदाता सूचियों के एसआईआर के माध्यम से लोगों की नागरिकता अधिकारों को छीनने की कोशिश कर रही है। ओवैसी ने एआईएमआईएम के 68वें पुनरुत्थान दिवस समारोह के हिस्से के रूप में शनिवार को आयोजित एक सार्वजनिक सभा को संबोधित करते हुए दावा किया कि बिहार के बाद तेलंगाना और महाराष्ट्र में भी मतदाता सूचियों का विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) किया जाएगा।
हैदराबाद के सांसद ने आरोप लगाया, ‘‘ मैं जनता से अपील करता हूं कि जब एसआईआर कराया जाए, तो यह सुनिश्चित करें कि सभी वास्तविक नाम शामिल किए जाएं। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) एसआईआर के जरिये लोगों की नागरिकता छीनना चाहती है। वह भारत निर्वाचन आयोग के माध्यम से संशोधन कराकर ऐसा करने की कोशिश कर रही है। ’’ तेलंगाना के चुनाव अधिकारियों ने कहा है कि राज्य में मतदाता सूचियों की एसआईआर प्रक्रिया की घोषणा इस वर्ष अप्रैल-मई के दौरान होने की संभावना है।
ओवैसी ने तेलंगाना में हाल ही में आयोजित मेडाराम जतारा आदिवासी उत्सव के दौरान कुछ यूट्यूबर्स द्वारा एक मुस्लिम पाव रोटी विक्रेता के कथित उत्पीड़न की भी निंदा की। एआईएमआईएम के प्रमुख ने मांग की कि तेलंगाना पुलिस मुस्लिम विक्रेता को परेशान करने वालों के खिलाफ मामले दर्ज करे। उन्होंने कहा कि इस तरह की धमकी तथा सांप्रदायिक उत्पीड़न की हरकतें अस्वीकार्य हैं और कानून के तहत इनसे सख्ती से निपटा जाना चाहिए।
ओवैसी ने दावा किया, “वह (विक्रेता) कोवा पाव रोटी बेच रहा था, लेकिन आप (यूट्यूबर्स) इसे 'फूड जिहाद' समझते हैं। अगर आपको खाना पसंद नहीं आया, तो आपको पुलिस को सूचित करना चाहिए था। आप देश के दुश्मन हैं। मैं इसकी कड़ी निंदा करता हूं और यूट्यूबर्स के खिलाफ कार्रवाई की मांग करता हूं।’’

